Posts Tagged ‘Time

21
Jun
17

इसलिए

दिमाग फितूरी था
इसलिए
बहुत सोचा इक
दिन
फिर से
अपने बारे में;
और जाने किस
गुबार में
अष्टाव्रक जिंदगी
के उस कोने
की सफाई करने
चला।
07
Mar
17

#18

In the shadows of mountains

the echoes of memories

hit the hard surfaces

and

come back to me

to get

tangled

in the ragged edges

of my

thoughts.

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